Home झारखंड बिहार देश-विदेश खेल मनोरंजन राजनीति
---Advertisement---

9 साल बाद मिला इंसाफ: मुन्ना गोप हत्याकांड में पांच दोषियों को आजीवन कारावास

On: September 20, 2025 12:44 AM
Follow Us:
9 साल बाद मिला इंसाफ: मुन्ना गोप हत्याकांड में पांच दोषियों को आजीवन कारावास
फोटो। मृतक मुन्ना गोप का फाइल फोटो
---Advertisement---

बरही: थाना क्षेत्र के करसो में 9 साल पहले जमीन विवाद में मुन्ना गोप उर्फ मुन्ना महतो की हत्या के मामले में नामजद पांच आरोपियों के खिलाफ अष्टम सत्र एवं जिला न्यायधीश हजारीबाग पुरूषोतम गोस्वामी की अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। जिन्हें सजा सुनाई गई है उनमें बद्री साव, नंदलाल साव, भुनेश्वर साव तीनों के पिता स्व किशुन साव, मुन्नी देवी पति बद्री साव एवं मीना देवी पति नंदलाल साव सभी करसो बरही निवासी शामिल है।

क्या था मामला:

 मृतक मुन्ना गोप बरही निवासी चौहनी देवी से बतौर केवाला जमीन की खरीदा था। लेकिन नामजद आरोपियों का कहना था कि जमीन उनके जमीन के बगल में है इसलिए सीलिंग एक्ट के तहत हमलोग जमीन लेंगे। इसी बात को लेकर 13.04.2016 को मुन्ना गोप अपने जमीन पर कृषि कार्य कर रहे थे। इसी बीच आरोप है कि उपरोक्त नामजद अभियुक्त सहित अन्य लोग लाठी डंडा शबल से मुन्ना गोप पर जानलेवा हमला कर दिया। जिससे उनका सर फट गया था। मुन्ना गोप को बचाने आई बद्री साव की पत्नी मुंदरी देवी ने सूचक यमुना यादव, उनकी पत्नी एवं एक उनकी गोतनी के सिर पर लाठी से मार दी। जिसके कारण तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी को बरही अनुमंडलीय अस्पताल लाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद हजारीबाग सदर अस्पताल रेफर किया गया था। लेकिन जाने के क्रम में मुन्ना गोप उर्फ मुन्ना महतो ने दम तोड़ दिया। इस मामले में बरही थाना में बरही थाना कांड संख्या 94/16 धारा आईपीसी के धारा 302, 307 सहित कई अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया था। मामला हजारीबाग न्यायालय में 9 वर्षों तक चला। 9 वर्ष बाद 12 सितंबर को सभी पांच अभियुक्तों को दोषी करार दिया गया और 19 सितंबर को धारा 302 के तहत आजीवन कारावास , धारा 307 के तहत 10 वर्ष की सश्रम कारावास के साथ साथ 12000 का जुर्माना भी लगाया गया। सभी अभियुक्तों को जेल भेज दिया गया है। 9 वर्ष बाद आया कोर्ट के फैसला का स्वागत करते हुए सूचक यमुना यादव ने कहा कि जिन लोगों ने उनके पिता की हत्या की उन्हें माननीय न्यायालय ने सजा दे दी है। हमलोगों को न्याय मिल गया है। उन्होंने न्याय पर संतोष जताया है। कहा न्यायालय में देर भले है लेकिन अंधेर नहीं है।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment